मुंह बांधकर बैल को ले जा रहे वाहन का फरार चालक गिरफ्तार, राजनांदगांव से दबोचा गया
दुर्ग/पशुओं के अवैध परिवहन और पशु क्रूरता के मामले में फरार चल रहे वाहन चालक को सुपेला पुलिस ने राजनांदगांव से गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान शरद यादव उर्फ शरद यदु के रूप में हुई है। पुलिस ने उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 21 सितंबर 2026 को प्रार्थी प्रिंस कसेर ने थाना सुपेला में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि उनके परिचित अनिल कुमार दौलतानी ने फोन पर सूचना दी थी कि महिंद्रा जीतो प्लस वाहन क्रमांक CG 06 GZ 4506 में एक लाल रंग के बैल को अवैध रूप से ले जाया जा रहा है। वाहन में चालक शरद यादव और परिचालक त्रिलोक पटेल सवार थे। बैल को छावनी से सुपेला होते हुए नागपुर स्थित कत्लखाने ले जाने की जानकारी मिली थी।
सूचना मिलने पर वाहन को नेहरू नगर, भिलाई के पास रोका गया। मौके पर पहुंचे प्रार्थी ने वाहन में एक लाल रंग का बैल लोड पाया, जिसका मुंह बंधा हुआ था। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना सुपेला में अपराध क्रमांक 1406/26 के तहत छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 की धारा 4, 6 एवं 10 तथा पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, 1960 की धारा 11 के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
इस मामले में वाहन परिचालक त्रिलोक पटेल को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज चुकी थी। वहीं घटना के बाद से वाहन चालक शरद यादव फरार चल रहा था। पुलिस उसकी लगातार तलाश कर रही थी। इसी क्रम में पुलिस टीम ने उसे राजनांदगांव से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने आरोपी को 3 नवंबर 2026 को न्यायालय दुर्ग के समक्ष प्रस्तुत किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। मामले में महिंद्रा जीतो प्लस वाहन क्रमांक CG 06 GZ 4506 और एक लाल रंग के बैल का विवरण दर्ज है।
कार्रवाई में इनकी रही भूमिका
इस कार्रवाई में थाना सुपेला के थाना प्रभारी निरीक्षक एस.एन. सिंह, सहायक उप निरीक्षक अमरदास गंगेले एवं प्रधान आरक्षक अमर सिंह की महत्वपूर्ण भूमिका रही।