समस्या पहचानें, समाधान खोजें और बिजनेस शुरू करें: आरिफ-व्यास ने समझाया स्टार्टअप मंत्र

समस्या पहचानें, समाधान खोजें और बिजनेस शुरू करें: आरिफ-व्यास ने समझाया स्टार्टअप मंत्र

भिलाई। विश्व उद्यमिता दिवस के अवसर पर एसएसआईपीएमटी कॉलेज, रायपुर में स्टूडेंट के लिए उद्यमिता एवं स्टार्टअप पर एक विशेष एवं अत्यंत संवादात्मक सत्र का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का विषय “स्पार्क टू प्रॉफिट: स्टूडेंट स्टार्टअप रोडमैप”रहा, जिसमें इन्नोवेदास एड टेक प्राइवेट लिमिटेड के सह-संस्थापक भिलाई निवासी अरिफ खान एवं कोमल व्यास शर्मा ने स्टूडेंट को आइडिया से लेकर स्टार्टअप के निर्माण, बाजार में लॉन्च और रेवेन्यू तक पहुंचने की पूरी प्रक्रिया को व्यावहारिक तरीके से समझाया।
सत्र के दौरान स्टूडेंट को बताया गया कि किसी भी सफल स्टार्टअप की शुरुआत केवल एक अच्छे आइडिया से नहीं, बल्कि किसी वास्तविक समस्या की पहचान और उसके लिए प्रभावी समाधान खोजने से होती है। इसके बाद आइडिया का मार्केट वैलिडेशन, कस्टमर डिस्कवरी, प्रोटोटाइप एवं एमवीपी (मिनिमम वाइएबल प्रोडक्ट) तैयार करना, बिजनेस मॉडल विकसित करना, रेवेन्यू स्ट्रीम तय करना, ब्रांडिंग और मार्केटिंग तथा अंततः बिजनेस को स्केल करने जैसे महत्वपूर्ण चरणों पर विस्तार से चर्चा की गई।
सत्र की सबसे खास बात स्टूडेंट की सक्रिय सहभागिता रही। बड़ी संख्या में स्टूडेंट ने उत्साहपूर्वक सवाल पूछे, अपने बिजनेस आइडिया प्रस्तुत किए तथा मौके पर ही अपने आइडिया की पिचिंग की। अरिफ खान ने स्टूडेंट से संवाद करते हुए कहा कि आज का स्टूडेंट केवल नौकरी पाने वाला नहीं, बल्कि रोजगार पैदा करने वाला उद्यमी भी बन सकता है। उन्होंने स्टूडेंट को सलाह दी कि वे अपने आसपास की समस्याओं को अवसर के रूप में देखें और छोटे स्तर पर प्रयोग करते हुए अपने विचार को वास्तविक व्यवसाय में बदलने की दिशा में आगे बढ़ें। वहीं कोमल व्यास शर्मा ने स्टार्टअप के शुरुआती चरण में तकनीक, प्रोटोटाइप और एमवीपी की भूमिका को समझाते हुए स्टूडेंट को बताया कि शुरुआत में परफेक्ट प्रोडक्ट बनाने की बजाय ग्राहक की वास्तविक जरूरत को समझना और तेजी से टेस्ट करना अधिक महत्वपूर्ण है।