मजदूर दिवस पर सफाई कर्मियों का सम्मान, महापौर ने किया स्नेह भोज आयोजन

मजदूर दिवस पर सफाई कर्मियों का सम्मान, महापौर ने किया स्नेह भोज आयोजन


दुर्ग/अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस के गौरवशाली अवसर पर नगर पालिक निगम दुर्ग द्वारा शहर की स्वच्छता व्यवस्था की आधारशिला माने जाने वाले ‘स्वच्छता मित्रों’ एवं समस्त सफाई कर्मचारियों के सम्मान में विशेष स्नेह भोज का आयोजन किया गया। यह आयोजन न केवल सम्मान का प्रतीक रहा, बल्कि जनप्रतिनिधियों और कर्मचारियों के बीच आत्मीय जुड़ाव का भी सशक्त माध्यम बना।मोतीलाल वोरा सभागार एवं कुशाभाउ ठाकरे भवन, आदित्य नगर में आयोजित इस कार्यक्रम में महापौर अलका बाघमार, सभापति श्याम शर्मा सहित अनेक जनप्रतिनिधियों ने स्वच्छता मित्रों व वाहन चालक  के साथ बैठकर भोजन किया और उनके योगदान के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर देवनारायण चन्द्राकर, नीलेश अग्रवाल,ज्ञानेश्वर ताम्रकार, लीलाधर पाल, शशि साहू, हर्षिका संभव जैन,स्वास्थ्य अधिकारी दुर्गेश गुप्ता सहित अन्य जनप्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।नगर निगम प्रशासन द्वारा किया गया यह प्रयास उन कर्मठ हाथों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता का प्रतीक है, जो प्रतिदिन कठिन परिश्रम कर शहर को स्वच्छ, सुंदर और स्वस्थ बनाए रखने में अहम भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश भी दिया गया कि समाज के हर वर्ग का योगदान समान रूप से महत्वपूर्ण है।महापौर अलका बाघमार ने इस अवसर पर सभी स्वच्छता कर्मियों को अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि शहर की स्वच्छता और स्वास्थ्य व्यवस्था में उनका योगदान अतुलनीय है। उन्होंने कहा कि स्वच्छता मित्रों के बिना शहर की कल्पना अधूरी है और नगर निगम सदैव उनके हितों के लिए प्रतिबद्ध रहेगा।सभापति श्याम शर्मा ने अपने उद्बोधन में कहा कि श्रमिकों का सम्मान करना केवल कर्तव्य ही नहीं, बल्कि हमारी नैतिक जिम्मेदारी भी है। उन्होंने कहा कि श्रमेव जयते के मूल मंत्र को आत्मसात करते हुए हमें श्रमिकों के योगदान को सदैव स्मरण रखना चाहिए।इस अवसर पर एमआईसी सदस्य शशि साहू, पार्षद विद्यावती सिंह, पार्षद सुरूचि उमरे, गुलशन साहू,मनीष कोठारी, सवित्री दमाहे, रंजीता पाटिल,गोविंद्र देवांगन,नीरा खिचरिया सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं स्वास्थ्य अधिकारी दुर्गेश गुप्ता, शोएब अहमद, संजय मिश्रा, अनिल सिंह, कुणाल, राहुल तथा स्वास्थ्य अमला टीम के सदस्य उपस्थित रहे।कार्यक्रम ने न केवल स्वच्छता मित्रों का मनोबल बढ़ाया, बल्कि समाज में श्रमिकों के प्रति सम्मान और संवेदनशीलता का भी सशक्त संदेश दिया।