नवयुवक दुर्गा समिति पद्मनाभपुर ने उठाया पदयात्रियों की सुरक्षा का मुद्दा, जर्जर सड़कों और बंद स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत की मांग

नवयुवक दुर्गा समिति पद्मनाभपुर ने उठाया पदयात्रियों की सुरक्षा का मुद्दा, जर्जर सड़कों और बंद स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत की मांग

दुर्ग/शारदीय नवरात्रि में मां बम्लेश्वरी के दर्शन के लिए डोंगरगढ़ जाने वाले पदयात्रियों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए नवयुवक दुर्गा समिति पद्मनाभपुर ने प्रशासन से आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने की मांग की है। समिति ने रायपुर नाका से शिवनाथ ब्रिज सड़क तथा जेल रोड से पुलगांव बायपास रोड की जर्जर स्थिति, जगह-जगह गड्ढों और निर्माणाधीन सड़कों पर उड़ती धूल को लेकर चिंता जताई है।
समिति का कहना है कि इन प्रमुख मार्गों से रायपुर, भिलाई और दुर्ग सहित आसपास के क्षेत्रों के हजारों श्रद्धालु पदयात्रा करते हुए डोंगरगढ़ पहुंचते हैं। ऐसे में सड़कों की खराब स्थिति पदयात्रियों के लिए परेशानी और दुर्घटना का कारण बन सकती है। प्रशासन को चाहिए कि नवरात्रि के दौरान पदयात्रियों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए सड़कों के गड्ढों की मरम्मत कराई जाए तथा निर्माणाधीन सड़कों पर धूल से राहत दिलाने के लिए आवश्यक उपाय किए जाएं।
समिति ने दोनों प्रमुख मार्गों पर अधिकांश स्ट्रीट लाइट बंद होने का मुद्दा भी उठाया है। रात में पदयात्रा करने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए बंद स्ट्रीट लाइटों को जल्द चालू कराने की मांग की गई है। इसके साथ ही यातायात व्यवस्था में सुधार करने और तेज गति से चलने वाले वाहनों की रफ्तार नियंत्रित करने की आवश्यकता बताई गई है, ताकि पदयात्रियों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सके।
नवयुवक दुर्गा समिति पद्मनाभपुर ने यह भी कहा कि दुर्गा स्थापना के लिए प्रतिमाएं विभिन्न पंडालों में पहुंच रही हैं, लेकिन सड़कों पर वाहनों का दबाव अधिक होने के कारण थनौद से दुर्ग आने वाले प्रमुख मार्ग पर जाम की स्थिति बन रही है। इससे आम नागरिकों और दुर्गा समितियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। समिति ने प्रशासन से इस मार्ग पर यातायात व्यवस्था दुरुस्त करने तथा जाम की समस्या से राहत दिलाने के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की है।
समिति ने अपील की है कि शारदीय नवरात्रि के दौरान श्रद्धालुओं की आस्था, सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखते हुए संबंधित विभाग समय रहते सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करें, ताकि मां बम्लेश्वरी के दर्शन के लिए जाने वाले पदयात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।