KCC लोन के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा, कांग्रेस विधायक बालेश्वर साहू 22 दिन की न्यायिक रिमांड पर
जांजगीर-चांपा / जिले के जैजैपुर विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस विधायक बालेश्वर साहू को धोखाधड़ी के गंभीर मामले में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है. सहकारी बैंक से जुड़े इस प्रकरण में विधायक पर किसान से लाखों रुपये की अवैध निकासी और फर्जी दस्तावेजों के जरिए धोखाधड़ी करने के आरोप हैं. पुलिस ने विधायक को अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें 22 दिनों की न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया. मामला सामने आने के बाद न सिर्फ प्रशासनिक हलकों में, बल्कि राजनीतिक गलियारों में भी इसकी गूंज सुनाई दे रही है. चांपा थाना प्रभारी जेपी गुप्ता ने बताया कि मामले में बैंक रिकॉर्ड, चेक, हस्ताक्षर और खातों की गहन जांच की जा रही है. जरूरत पड़ने पर अन्य लोगों की भूमिका भी जांच के दायरे में लाई जाएगी.
दरअसल, यह मामला जांजगीर-चांपा जिले के सारागांव थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम फरसवानी और परसापाली से जुड़ा है. शिकायतकर्ता राजकुमार शर्मा ने आरोप लगाया है कि सहकारी समिति में प्रबंधक रहते हुए बालेश्वर साहू ने किसान क्रेडिट कार्ड लोन के नाम पर भरोसा दिलाया और फिर लाखों रुपये की हेराफेरी कर ली. पुलिस जांच में सामने आए तथ्यों ने इस मामले को और गंभीर बना दिया है. आरोप है कि फर्जी हस्ताक्षर और अंगूठा निशान लगाकर करीब 42 लाख 78 हजार रुपये की अवैध निकासी की गई.
सहकारी बैंक से जुड़ा बड़ा धोखाधड़ी मामला
यह पूरा मामला जिला सहकारी केंद्रीय बैंक चांपा और बम्हनीडीह शाखा से जुड़ा हुआ है. पुलिस के मुताबिक, वर्ष 2015 से 2020 के बीच बालेश्वर साहू जिला सेवा सहकारी समिति बम्हनीडीह में प्रबंधक के पद पर कार्यरत थे. उसी दौरान उन्होंने शिकायतकर्ता राजकुमार शर्मा को 50 एकड़ जमीन के नाम पर किसान क्रेडिट कार्ड लोन लेने की सलाह दी.
KCC लोन के नाम पर खुलवाया बैंक खाता
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी विधायक ने राजकुमार शर्मा का एचडीएफसी बैंक चांपा में खाता खुलवाया. इसके बाद उनसे ब्लैंक चेक लिए गए. आरोप है कि इन चेक का इस्तेमाल कर करीब 24 लाख रुपये विधायक ने अपने और अपनी पत्नी के खाते में ट्रांसफर करा लिए.
फर्जी दस्तावेजों से 42 लाख से ज्यादा की निकासी
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी केवल यहीं नहीं रुके. आरोपियों ने शिकायतकर्ता राजकुमार शर्मा, उनकी मां जयंतीन शर्मा और पत्नी नीता शर्मा के फर्जी हस्ताक्षर और अंगूठा निशान लगाकर अलग-अलग खातों से कुल 42 लाख 78 हजार रुपये की निकासी कर ली. पुलिस इसे संगठित धोखाधड़ी मान रही है.
राजनीतिक हलकों में मचा हड़कंप
वर्तमान विधायक की गिरफ्तारी के बाद छत्तीसगढ़ की राजनीति में हलचल है. विपक्ष इसे बड़े भ्रष्टाचार का मामला बता रहा है. वहीं कांग्रेस की ओर से अब तक इस मामले पर आधिकारिक बयान सामने नहीं आया हैl