छत्तीसगढ़ अबकारी विभाग के कर्मचारी आत्मघाती कदम उठाने को मजबूर

छत्तीसगढ़ अबकारी विभाग के कर्मचारी आत्मघाती कदम उठाने को मजबूर

दुर्ग/छत्तीसगढ़: अबकारी विभाग छत्तीसगढ़ के तहत कार्यरत शराब दुकानों के कर्मचारियों को वेतन कटौती के चलते आत्मघाती कदम उठाने को मजबूर होना पड़ रहा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, दुर्ग शहर की मदिरा दुकानों में कार्यरत सैकड़ों कर्मचारियों के वेतन में भारी कटौती की गई है, जिससे वे मानसिक रूप से परेशान हैं।
*वेतन कटौती के विवरण:*
- सुपरवाइजर: ₹18,000 से ₹10,000 की कटौती
- सेल्समैन: ₹11,282 से ₹7,000 की कटौती
- छोटे स्तर के कर्मचारी: ₹10,500 से ₹5,000 की कटौती
इस वेतन कटौती के चलते दुर्ग शहर के गंजपारा में कार्यरत सेल्समैन चेतन साहू ने जहर खाकर आत्मघाती कदम उठाया। हालांकि, उनके परिवार पर दबाव डालकर इस मामले में बात न करने को कहा गया है।
*आरोप:*
छत्तीसगढ़ अबकारी विभाग द्वारा कर्मचारियों को प्लेसमेंट के माध्यम से नियुक्त किया गया है और BIS कंपनी मुंबई के द्वारा संचालित किया जा रहा है। आरोप है कि शासन द्वारा कंपनी की कटौती की गई है और कंपनी द्वारा कर्मचारियों की वेतन में कटौती की जा रही है ताकि कंपनी को किसी प्रकार का नुकसान न हो।
*मांग:*
हमारी मांग है कि छत्तीसगढ़ सरकार और अबकारी विभाग तत्काल प्रभाव से कर्मचारियों की वेतन कटौती को वापस ले और उनकी समस्याओं का समाधान करे। साथ ही, आत्मघाती कदम उठाने वाले कर्मचारियों के परिवार को उचित मुआवजा और सुरक्षा प्रदान की जाए। ज्ञापन देने पहुचे ब्लाक अध्यक्ष आनंद कपूर, राजकुमार पाली, अजय मिश्र,सुनीत घोष,केडी देवागन, एंनी पीटर, शिशिर कांत कसार, अन्य काँग्रेस जन शामिल थे!