इंस्टाग्राम पर आपत्तिजनक विज्ञापनों के बाद मेटा की सफाई, 40 लाख अकाउंट हटाने का दावा

इंस्टाग्राम पर आपत्तिजनक विज्ञापनों के बाद मेटा की सफाई, 40 लाख अकाउंट हटाने का दावा

नई दिल्ली/इंस्टाग्राम पर बच्चों से जुड़े आपत्तिजनक विज्ञापनों (CSAM) को लेकर केंद्र सरकार की सख्ती के बाद मेटा ने अपनी आधिकारिक प्रतिक्रिया जारी की है। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि वह बच्चों के शोषण से जुड़े किसी भी प्रकार के कंटेंट के प्रति ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाती है और ऐसे मामलों में लगातार सख्त कार्रवाई की जाती है।दरअसल, पिछले सप्ताह केंद्र सरकार ने इंस्टाग्राम पर कथित आपत्तिजनक विज्ञापनों को लेकर मेटा को नोटिस जारी किया था। इसके बाद कंपनी के अधिकारियों को तलब कर इस संबंध में जवाब मांगा गया था।मेटा ने अपने आधिकारिक ब्लॉग में कहा कि बच्चों का यौन शोषण (CSAM) एक बेहद गंभीर और घृणित अपराध है। कंपनी फेसबुक और इंस्टाग्राम दोनों प्लेटफॉर्म पर ऐसे कंटेंट की पहचान कर उसे हटाने के लिए लगातार उन्नत तकनीक और मॉडरेशन सिस्टम का इस्तेमाल करती है।कंपनी के अनुसार, जब तक यह मामला सार्वजनिक रूप से सामने आया, तब तक उसके ऑटोमेटेड एनफोर्समेंट सिस्टम ने संबंधित कई आपत्तिजनक विज्ञापनों की पहचान कर उन्हें प्लेटफॉर्म से हटा दिया था। साथ ही जिन अकाउंट्स से ये विज्ञापन पोस्ट किए गए थे, उन्हें भी ब्लॉक कर दिया गया था।मेटा ने बताया कि फिलहाल इस मामले की विस्तृत जांच जारी है। संदिग्ध विज्ञापनों, संबंधित अकाउंट्स और उनसे जुड़े यूआरएल (URL) की भी लगातार पहचान कर उन्हें ब्लॉक किया जा रहा है ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।कंपनी ने यह भी कहा कि यह दावा पूरी तरह गलत है कि वह जानबूझकर बच्चों से जुड़े आपत्तिजनक विज्ञापनों को बढ़ावा देती है। इसके विपरीत, कंपनी विशेष तकनीकों और सुरक्षा प्रणालियों के माध्यम से ऐसे कंटेंट और संदिग्ध गतिविधियों की पहचान कर तत्काल कार्रवाई करती है।मेटा के मुताबिक, वर्ष 2026 में अब तक बच्चों से जुड़े संदिग्ध गतिविधियों के खिलाफ  कार्रवाई करते हुए करीब 40 लाख (4 मिलियन) अकाउंट हटाए जा चुके हैं। कंपनी का कहना है कि उपयोगकर्ताओं, विशेषकर बच्चों की ऑनलाइन सुरक्षा उसकी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है और इस दिशा में सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।